हमारी कहानी
दो शब्द, एक नाम में समाए हुए।
नाम गढ़ा नहीं गया है। यह वही शब्द है जो आधा भारत पहले से बोलता है, और वह जीव जो सिर्फ़ मिलकर ही बनाता है।
भिशी · bhishi
महाराष्ट्र में भिशी वही बचत सर्कल है जो आपकी माँ, आपकी मौसी और आपकी पड़ोसन पहले से चलाती हैं। हमने कोई शब्द नहीं गढ़ा। जो था, वही लिया।
मधुमक्खी
अकेली मधुमक्खी कुछ नहीं बनाती। छत्ता ही एकमात्र चीज़ है जो वह बना सकती है, और वह भी सिर्फ़ मिलकर। एक जीव में बचत सर्कल की पूरी बात यही है।
यह एक रूपक है, कोई कार्यक्रम नहीं। हम कोई पर्यावरण अभियान नहीं चला रहे।

मधुमक्खी
सिर्फ़ मिलकर बनाती है।
कमल
जो ठहरे पानी से उगता है।
हाथ
देना और लेना, एक ही भाव।
देने और पाने में भरोसा।
सबके नीचे जो फ़ैसला है
हमने तय किया कि पैसे को छुएँगे नहीं।
बीशी दर्ज करता है कि आपका सर्कल क्या करता है। वह आपका पैसा न रखता है, न भेजता है, न उसमें से हिस्सा लेता है। यह कोई नीति नहीं है जो बाद में लिख दी गई — यह इस बात में गुँथा है कि ऐप समूह को कैसे रखता है, और यही वजह है कि हम बैंक नहीं, रिकॉर्ड रखने वाले हो सकते हैं।
जो सर्कल आपके पास पहले से है, उसी में जुड़िए।
बीशी डाउनलोड करेंबीशी आपका पैसा कभी अपने पास नहीं रखता।